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खाने की मेज़ पर नमकदानी नहीं

नमक नापकर पकाएँ और नमकदानी मेज़ पर न रखें ताकि खाने में दोबारा नमक न पड़े। रसोई की आदत, रक्तचाप का इलाज नहीं।

फोटो में लकड़ी की मेज़ पर सफ़ेद कटोरी में सूखी आलू-बीन्स की सब्ज़ी, स्टील की प्लेट में रोटियाँ, धनिये की कटोरी, आधा नींबू और स्टील का चम्मच है।

ज़रूरी: यह नुस्खा केवल एक सहायक घरेलू उपाय है। डॉक्टर की लिखी दवाइयाँ लेते रहें, अपनी रीडिंग जाँचते रहें और कुछ भी नया शुरू करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह ज़रूर लें।

नमक बर्तन में, थाली में नहीं

हमारे आहार का बहुत सा नमक बिना ध्यान दिए पड़ जाता है, अक्सर मेज़ पर आदतन। नापकर पकाने और नमकदानी मेज़ से हटाने पर ऊपर से छिड़कना बंद हो जाता है। स्वाद कुछ हफ़्तों में ढल जाता है।

स्वाद के लिए नींबू, भुना जीरा, काली मिर्च, धनिया या हरी पत्तियाँ इस्तेमाल करें। यह रसोई की आदत है, उच्च रक्तचाप का इलाज नहीं।

सामग्री

  • नमक के लिए नापने का चम्मच
  • नींबू, भुना जीरा, काली मिर्च, धनिया

बनाने की विधि

  1. परिवार के दिन भर का नमक नापकर रखें।
  2. नमकदानी रसोई में रख दें।

इस्तेमाल का तरीका

  • कुछ डालने से पहले स्वाद चखें।
  • स्वाद के लिए नींबू और मसाले इस्तेमाल करें।

मददगार आदतें

  • अचार और पापड़ की मात्रा घटाएँ।
  • पैकेट वाले खाने के लेबल पढ़ें।

सावधानियाँ

  • उच्च रक्तचाप में डॉक्टर की देखभाल और बताई दवाएँ चाहिए।
  • डॉक्टर से पूछे बिना नमक के विकल्प न लें; उनमें पोटैशियम होता है।
  • आदत है, इलाज नहीं।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

दिन में कितना नमक?

ज़्यादातर वयस्कों के लिए कुल लगभग 5 ग्राम (एक सपाट छोटा चम्मच)।

क्या सेंधा नमक बेहतर है?

सोडियम लगभग समान है; मात्रा मायने रखती है।

क्या खाना फीका लगेगा?

स्वाद कुछ हफ़्तों में ढल जाता है।