नींद और तनाव8 मिनट
तुलसी और गुलाब की पंखुड़ी की चाय, मन शांत करने के लिए
तुलसी की पत्तियाँ और सूखी गुलाब की पंखुड़ियाँ भिगोकर कैफ़ीन रहित शाम का कप। एक आरामदेह आदत।

शाम के लिए कैफ़ीन रहित कप
तुलसी और गुलाब की पंखुड़ियाँ दोनों भारतीय रसोई में आम हैं और साथ मिलकर बिना कैफ़ीन की हल्की, खुशबूदार चाय बनाती हैं। हर शाम एक ही समय पर गरम कप दिन के अंत का संकेत दे सकता है और आपको धीमा होने में मदद करता है। यह सुखद आदत है, तनाव या नींद की समस्या का इलाज नहीं।
कुछ ताज़ी तुलसी पत्तियाँ या चुटकी सूखी पत्तियाँ, और केवल खाने योग्य, बिना कीटनाशक वाली गुलाब पंखुड़ियाँ लें। फूलवाले की पंखुड़ियाँ न लें, उनमें कीटनाशक हो सकते हैं। शहद वैकल्पिक है और शिशुओं के लिए नहीं। ब्लड शुगर की दवा लेते हों या गर्भवती हों तो नियमित तुलसी के बारे में डॉक्टर से पूछें।
सामग्री
- 5 से 6 ताज़ी तुलसी की पत्तियाँ
- 1 छोटी चम्मच सूखी खाने योग्य गुलाब पंखुड़ियाँ
- 1 कप गरम पानी
बनाने की विधि
- तुलसी धोकर पंखुड़ियों के साथ कप में रखें।
- गरम पानी डालकर ढकें और पाँच मिनट रखें।
इस्तेमाल का तरीका
- छानकर हर शाम एक ही समय गुनगुना पिएँ।
- चीनी न लें या थोड़ा शहद डालें।
मददगार आदतें
- फूलवाले के फूल नहीं, खाने के लिए बनी पंखुड़ियाँ लें।
- कप ताज़ा बनाएँ।
सावधानियाँ
- केवल खाने योग्य, बिना कीटनाशक वाली गुलाब पंखुड़ियाँ लें।
- गर्भावस्था या ब्लड शुगर की दवा में नियमित तुलसी के बारे में डॉक्टर से पूछें।
- शिशुओं को शहद न दें। आरामदेह आदत है, इलाज नहीं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या रोज़ तुलसी की चाय सुरक्षित है?
- कभी-कभार का कप ठीक है। रोज़ के लिए, गर्भवती हों या डायबिटीज़ की दवा लेते हों तो डॉक्टर से पूछें।
क्या बगीचे के गुलाब ले सकते हैं?
- केवल अगर वे बिना कीटनाशक और खाने योग्य हों।
क्या यह नींद में मदद करती है?
- यह शांत करने वाली रस्म है, इलाज नहीं।





