बिना चीनी, सब्ज़ी वाला नमकीन दलिया
सब्ज़ी, जीरा और थोड़े नमक के साथ नरम पका दलिया, बिना चीनी या शहद। यह नाश्ता है। यह मधुमेह की दवा की जगह नहीं लेता।

ज़रूरी: यह नुस्खा केवल एक सहायक घरेलू उपाय है। डॉक्टर की लिखी दवाइयाँ लेते रहें, अपनी रीडिंग जाँचते रहें और कुछ भी नया शुरू करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह ज़रूर लें।
नमकीन कटोरी, मीठा दलिया नहीं
कटा गेहूँ पानी में गाजर, बीन्स या मटर, जीरा और नमक की चुटकी के साथ पकाना साधारण नाश्ता है। यह पन्ना उसे नमकीन रखता है। न चीनी, न शहद, न गुड़, न मीठा दूध। अन्त में घी की कुछ बूँदें वैकल्पिक हैं। यह मधुमेह का इलाज नहीं और खुराक नहीं बदलता।
दलिया गेहूँ है, इसलिए जिन्हें गेहूँ छोड़ने को कहा गया है वे यह कटोरी न लें। आहार विशेषज्ञ के साथ कार्बोहाइड्रेट गिन रहे हों तो यह कटोरी फिर भी गिनती में है। बाद में काँपना या पसीना कम शुगर हो सकती है: डॉक्टर के कदम मानें। नाश्ता 'स्वस्थ' था इसलिए दवा न छोड़ें।
सामग्री
- दलिया की एक छोटी कटोरी
- गाजर या मटर
- जीरा और नमक की चुटकी
- पानी, और न चीनी न शहद
बनाने की विधि
- दलिया धोएँ। सब्ज़ी, जीरा और नमक की चुटकी के साथ पानी में तब तक पकाएँ जब तक दाने नरम हों।
- चीनी, शहद या गुड़ की तरफ़ हाथ बढ़ाने से पहले रुकें। घी खाते हों तो अन्त में कुछ बूँदें पड़ सकती हैं।
इस्तेमाल का तरीका
- नाश्ते में एक कटोरी खाएँ।
- दूसरी कटोरी मीठी न करें।
- मधुमेह की दवा और जाँच लिखे अनुसार रखें।
मददगार आदतें
- बहुत गाढ़ा हो तो गरम पानी मिलाएँ। मीठा करने के लिए मिल्क पाउडर न डालें।
- बचा हुआ फ्रिज में रखें और उसी दिन गरम करके खाएँ।
सावधानियाँ
- इस कटोरी में न चीनी, न शहद, न गुड़।
- गेहूँ है: गेहूँ मना हो तो छोड़ें।
- मधुमेह की दवा की जगह नहीं लेता।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
शहद प्राकृतिक है, क्या डाल दूँ?
- नहीं। इस कटोरी में न शहद है न चीनी। मीठा करते ही यह दूसरा नाश्ता बन जाता है।
रोज़ दलिया खाऊँ तो क्या गोलियाँ रोक दूँ?
- नहीं। यह नाश्ता है। गोलियाँ, इंसुलिन और जाँच डॉक्टर के लिखे अनुसार रहेंगी।
मैं गेहूँ नहीं खाता। तब?
- यह पन्ना छोड़ दें। दलिया कटा गेहूँ है। ज़बरदस्ती न करें।



